The affix itac comes in the sense of 'that whereof this is observed' after the words tārakā etc. in the Nominative 1st-Case in construction.,
Thus तारकाः संजाता अस्य नभसः = तारकितं नभः 'a starry sky. i.e. a night in which stars are visible. पुष्पितो वृक्षः 'a tree in which flowers have grown'.
The तारकादि class is आकृतिगण ॥
1 तारका, 2 पुष्प, 3 कर्णक, 4 मञ्जरी, 5 ऋजीष, 6 क्षण, 7 सूच (सूचक), 8 मूत्र, 9 निष्क्रमण, 10 पुरीष, 11 उच्चार, 12 प्रचार, 13 विचार, 14 कुड्मल, 15 कण्टक, 16 मुसल, 17 मुकुल, 18 कुसुम, 19 कुतूहल, 20 स्तबक, 21 किसलय, 22 पल्लव, 23 खण्ड, 24 वेग, 25 निद्रा, 26 मुद्रा, 27 बुभुक्षा, 28 धेनुष्या, 29 पिपासा, 30 श्रद्धा, 31 अभ्र, 32 पुलक, 33 अङ्गारक, 34 वर्णक, 35 द्रोह, 36 दोह, 37 सुख, 38 दुःख, 39 उत्कण्ठा (उत्कण्ठ), 40 भर, 41 व्याधि, 42 वर्मन्, 43 व्रण, 44 गौरव, 45 शास्त्र, 46 तरंग, 47 तिलक, 48 चन्द्रक (चन्द्र), 49 अन्धकार, 50 गर्व, 51 मुकुर, 52 हर्ष, 53 उत्कर्ष, 54 रण, 55 कुवलय, 56 गर्ध, 57 क्षुध् (क्षुधा), 58 सीमन्त, 59 ज्वर, 60 गर, 61 रोग, 62 रोमाञ्च, 63 पण्डा, 64 कज्जल, 65 तृष्, 66 कोरक, 67 कल्लोल, 68 स्थपुट, 69 फल, 70 कञ्चुक, 71 शृङ्गार, 72 अङ्कुर, 73 शैवल, 74 बकुल, 75 श्वभ्र, 76 आराल, 77 कलङ्क, 78 कर्दम, 79 कन्दल, 80 मूर्च्छा, 81 अङ्गार, 82 हस्तक (हस्त), 83 प्रतिबिम्ब, 84 विघ्नतन्त्र (विघ्न, तन्त्र), 85 प्रत्यञ्च, 86 दीक्षा, 87 गज, 88 गर्भादप्राणिनि (गर्भिता शालयः but गर्भिणी गौः), 89 तन्द्रा, 90 स्रवक, 91 कर, 92 आन्दोल, 93 गोर, 94 राग.,
